गरीबों, किसानों और महिलाओं को मोदी सरकार के बजट ने फिर किया निराश : चातुरी नंद
केंद्रीय बजट 2025 पर सरायपाली विधायक चातुरी नंद ने दी अपनी प्रतिक्रिया

सरायपाली : क्षेत्रीय विधायक चातुरी नंद ने केंद्र की मोदी सरकार की बजट को निराशाजनक बताया है। बजट पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए विधायक नंद ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने किसानो को फिर ठगने का काम किया है।
मीडिया को जारी बयान में उन्होंने कहा कि बजट में पीएम कृषि योजना लागू करने की बात की गयी है लेकिन किसानों के उपज की पूरी कीमत मिले इसके लिये एमएसपी को कानूनी गारंटी के लिए कोई प्रावधान नहीं। इसके साथ ही कृषि ऋण माफी पर बजट में कुछ नहीं। पीएम फसल बीमा योजना में सुधार के लिए कुछ नहीं है।
उन्होंने कहा कि देश के किसानों की केवल दो प्रमुख मांग है स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश के अनुसार लागत पर 50 प्रतिशत लाभ के आधार पर एमएसपी तय हो और देश के प्रत्येक किसान को एमएसपी की कानूनी गारंटी मिले लेकिन इस बजट में इन दोनों प्रमुख मांगों का जिक्र ही नहीं है, मोदी सरकार के बजट में एक बार फिर से किसानों को ठगा है। केवल क्रेडिट कार्ड से कर्ज की लिमिट बढ़ाने से किसानों का भला नहीं हो सकता।
मनरेगा के बजट में कटौती करने पर सवाल उठाते हुए विधायक नंद ने कहा कि मनरेगा के बजट में कोई बढ़ोत्तरी नहीं की गई, मनरेगा मजदूरी बढ़ाने के बारे में कुछ भी नहीं किया गया है। मनरेगा से ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार सृजित होता है लेकिन ग्रामीणों को रोजगार दिलाने मोदी सरकार संवेदनशील नहीं है।
उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार के नये अवसर कैसे बढ़ेंगे। इस बजट में कुछ भी नहीं बताया है। महिलाओं के लिए बजट में कुछ नहीं। बजट में कोई भी दूरदर्शिता नहीं दिख रही। युवा, किसान, मजदूर, महिला सभी इस बजट से खुद को ठगा महसूस कर रहे है।
सरायपाली बरगढ़ रेल परियोजना के लिए भी बजट में कोई जिक्र नहीं किया गया है जिससे क्षेत्रवासी निराश हुए है। सरायपाली अंचल के लोगों को उम्मीद थी कि बजट में रेल लाइन परियोजना के लिए राशि दी जाएगी परंतु बजट में कोई उल्लेख नहीं है।
विधायक नंद ने कहा कि इस बजट में बेरोजगारी और महंगाई से जूझ रही जनता के लिए प्रत्यक्ष तौर पर कोई राहत, रियायत या सब्सिडी नहीं है। सारी राहत और रियायत केवल चंद पूंजीपति मित्रों को छोटे और मध्यम उद्योगों के लिए कोई विशेष प्रावधान नहीं है। महंगाई कम करने और रोजगार के लिए इस बजट में कुछ भी नहीं है।




